राजनीतिक

Mohan Bhagwat से मिले योगी, क्या सरकार में RSS का बढेगा रोल?

उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की प्रचंड जीत के बाद योगी आदित्यनाथ ने शपथ से पहले RSS चीफ Mohan Bhagwat से मुलाकात की. योगी ने अपने ही गढ़ गोरखुपर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत से 40 मिनिट तक चर्चा की. इस चर्चा के साथ ही राजनितिक गलियारों में आरएसएस का सरकार में रोल बढ़ने की चर्चाएँ होने लग गई है.

मोहन भागवत चार दिवसीय (19 से 22 मार्च) दौरे पर गोरखपुर आए हैं. वो संघ के विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे. 20 और 21 मार्च को संगठन श्रेणी और जागरण श्रेणी की बैठक लेंगे. 22 मार्च को कुटुंब प्रबोधन कार्यक्रम को संबोधित करेंगे. बाबा गंभीरनाथ सभागार में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में स्वयंसेवक और उनके परिजन हिस्सा लेंगे.

तथास्तु न्यूज़ नेटवर्क को मिली जानकारी के अनुसार UP के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मोहन भागवत से हुई 40 मिनिट की वार्ता में सामाजिक के साथ राजनीतिक मुद्दों पर भी चर्चा की. योगी ने संघ प्रमुख को शपथ ग्रहण समारोह में आने का निमंत्रण दिया है. योगी आरएसएस के थिंक टेंक माने जाते है.

Mohan Bhagwat with yogi

Mohan Bhagwat ने डिप्टी सीएम से ब्रिजेश पाठक का नाम काटा

अंदरूनी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार मोहन भागवत ने डिप्टी सीएम के तौर पर चल रहे नामों पर चर्चा की. उन्होंने ब्रिजेश पाठक के नाम पर अपनी मुहर लगाने से मना कर दिया. इसके पीछे तर्क यह दिया जा रहा है कि संगठन में जो प्रारंभ से काम कर रहे है उनको पहले मोका मिलना चाहिए. दुसरे दल के नेताओं को प्रमुखता देनी आश्वयक है पर केवल मंत्री पद तक ही संतोष करना चाहिए.

उल्लेखनीय है कि ब्रिजेश पाठक बसपा से भाजपा में पिछले चुनावों से पहले सम्मलित हुए थे. वो ब्राम्हण समुदाय के बड़े चहरे हैं. उन्होंने पिचली केबिनेट में अपने मंत्रालय के कार्यों को सजगता और कुशलता से संपन किए थे. इस मंत्रिमंडल में उनका कद बढ़ने की चर्चा सारा मीडिया कर रहा है. पर गोरखपुर के माधव धाम में योगी से मुलाकात के दौरान मोहन भागवत ने उनके नाम को काट दिया है ऐसा कयास लगाया जा रहा है.

25 मार्च को होगा शपथ ग्रहण समारोह 

सर्वविदित है कि 25 मार्च को सीएम योगी आदित्यनाथ देश के सबसे बड़े राज्य की दूसरी पारी की शपथ लेंगे. शपथ ग्रहण समारोह के लिए इकाना स्टेडियम में तैयारियां की जा रही हैं. इस खास मौके के लिए गृहमंत्री अमित शाह, राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और भाजपा शासित सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों और उप मुख्यमंत्रियों को आमंत्रित किया गया है. सभी प्रमुख विपक्षी नेताओं को भी शपथ ग्रहण में शामिल होने का न्योता दिया जायेगा.

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